देहरादून, 29 सितंबर 2026 । उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में हरियाणा अध्ययन भ्रमण पर जा रहे युवाओं से मुलाकात की। उन्होंने सभी युवाओं को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि अंतरराज्यीय भ्रमण से देश के अलग-अलग राज्यों को करीब से समझने का अवसर मिलता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को इस दौरे के दौरान हरियाणा की संस्कृति, इतिहास, खान-पान, खेल परंपरा, कृषि और स्थानीय जीवनशैली को करीब से समझना चाहिए। उनके मुताबिक, ऐसे अनुभव युवाओं की सोच को व्यापक बनाने में मदद करते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड के युवा विभिन्न राज्यों में जाकर वहां की संस्कृति, स्थानीय विशेषताओं, विकास से जुड़ी पहलों और सरकारों द्वारा अपनाई जा रही अच्छी कार्यप्रणालियों को जानें तथा उपयोगी अनुभवों को उत्तराखण्ड के परिप्रेक्ष्य में भी साझा करें। इसी प्रकार अन्य राज्यों के युवाओं को भी उत्तराखण्ड आने और यहां की संस्कृति, पर्यटन, स्थानीय उत्पादों तथा राज्य में संचालित विभिन्न विकास एवं जनकल्याणकारी पहलों को जानने के अवसर दिए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने युवाओं से कहा कि हरियाणा से मिले उपयोगी अनुभवों को उत्तराखंड के संदर्भ में साझा किया जाए। अलग-अलग राज्यों की व्यवस्थाओं को समझकर उनमें से उपयोगी पहलुओं को अपने राज्य के लिए देखा जा सकता है।
रिपोर्ट के अनुसार, CM धामी ने कहा कि ऐसे अंतरराज्यीय प्रवास युवाओं को विभिन्न राज्यों की सामाजिक और सांस्कृतिक व्यवस्थाओं को समझने का अवसर देते हैं।
उत्तराखंड की संस्कृति भी दूसरे राज्यों तक पहुंचाने पर जोर
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि जिस तरह उत्तराखंड के युवा दूसरे राज्यों की जानकारी हासिल कर रहे हैं, उसी तरह अन्य राज्यों के युवाओं को भी उत्तराखंड आने का अवसर दिया जा रहा है। इसका उद्देश्य उत्तराखंड की संस्कृति, पर्यटन, स्थानीय उत्पादों और विकास कार्यों से उन्हें परिचित कराना है।
उन्होंने युवाओं से उत्तराखंड के लोकपर्व, पारंपरिक खान-पान, होम-स्टे, मिलेट्स, हस्तशिल्प और पर्यटन स्थलों की जानकारी भी दूसरे राज्यों के लोगों तक पहुंचाने की अपील की।
स्थानीय उत्पादों और महिला समूहों को बढ़ावा देने की बात
CM धामी ने महिला स्वयं सहायता समूहों और स्थानीय कारीगरों के उत्पादों को बढ़ावा देने में युवाओं की भूमिका को भी महत्वपूर्ण बताया। उत्तराखंड के स्थानीय उत्पादों को दूसरे राज्यों तक पहुंचाने और उनकी पहचान मजबूत करने में युवा एक माध्यम बन सकते हैं।
उन्होंने कहा कि ऐसे आदान-प्रदान से केवल युवाओं को नए अनुभव ही नहीं मिलते, बल्कि राज्यों के बीच सामाजिक और सांस्कृतिक जुड़ाव भी मजबूत होता है।
युवाओं के अनुभव से उत्तराखंड को भी लाभ
हरियाणा भ्रमण के दौरान युवाओं को वहां की संस्कृति और विकास मॉडल को समझने का मौका मिलेगा। इसके बाद वे अपने अनुभवों को उत्तराखंड के संदर्भ में साझा कर सकते हैं।
सरकार की ओर से ऐसे अंतरराज्यीय भ्रमण का उद्देश्य युवाओं को देश के विभिन्न हिस्सों की विविधता और विकास गतिविधियों से परिचित कराना बताया गया है।