नई दिल्ली, दूसरे टेस्ट मैच में पाकिस्तान की टीम जीत के बेहद करीब पहुंच गई है। मैच के अंतिम चरण में पाकिस्तान के गेंदबाजों और बल्लेबाजों के संतुलित प्रदर्शन ने टीम को मजबूत स्थिति में ला खड़ा किया है। पहली पारी में बनाए गए महत्वपूर्ण स्कोर और उसके बाद गेंदबाजों की अनुशासित लाइन-लेंथ ने विपक्षी टीम पर लगातार दबाव बनाए रखा, जिससे मैच का पलड़ा पाकिस्तान की ओर झुकता नजर आया।
त्रिनिदाद और टोबैगो की राजधानी पोर्ट ऑफ स्पेन के क्वींस पार्क ओवल में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट के तीसरे दिन पाकिस्तान ने मैच पर मजबूत पकड़ बना ली। वेस्टइंडीज को पहली पारी में 344 रन पर समेटने के बाद पाकिस्तान ने 387 रन बनाकर 43 रन की बढ़त हासिल की।
इसके जवाब में मेजबान टीम ने दिन का खेल खत्म होने तक अपनी दूसरी पारी में 6 विकेट पर 103 रन बनाए। उसकी बढ़त अब सिर्फ 60 रन की रह गई है।
स्पिनरों ने बदला मैच का रुख
तीसरे दिन का आखिरी सत्र मैच का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ। शुरुआती समय में वेस्टइंडीज के सलामी बल्लेबाजों ने पाकिस्तान की बढ़त खत्म कर दी थी, लेकिन इसके बाद स्पिनर साजिद खान और अली उस्मान ने लगातार विकेट लेकर मैच का रुख पाकिस्तान की ओर मोड़ दिया।
मैच के चौथे और पांचवें दिन पाकिस्तान के गेंदबाजों ने नियमित अंतराल पर विकेट लेकर विरोधी बल्लेबाजी क्रम को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। तेज गेंदबाजों और स्पिनरों ने परिस्थितियों का भरपूर फायदा उठाया और विपक्षी टीम को बड़े साझेदारी बनाने से रोके रखा। बल्लेबाजों द्वारा पहले बनाई गई बढ़त भी पाकिस्तान के लिए निर्णायक साबित होती दिखाई दे रही है।
यदि पाकिस्तान अंतिम विकेट हासिल करने या निर्धारित लक्ष्य का सफलतापूर्वक बचाव करने में कामयाब रहता है, तो यह जीत टीम के आत्मविश्वास को मजबूत करेगी और श्रृंखला में उसकी स्थिति भी बेहतर होगी। वहीं विपक्षी टीम मैच बचाने के लिए संघर्ष कर रही है और अंतिम सत्र में बल्लेबाजों पर बड़ी जिम्मेदारी होगी।
क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि टेस्ट क्रिकेट में अंतिम दिन का खेल हमेशा चुनौतीपूर्ण होता है और एक छोटी साझेदारी भी मैच का रुख बदल सकती है। हालांकि मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए पाकिस्तान जीत की मजबूत स्थिति में दिखाई दे रहा है। अब सभी की नजर मैच के अंतिम परिणाम और दोनों टीमों के प्रदर्शन पर टिकी हुई है।